Dard Shayari, ख्वाब की हर एक...
ख्वाब की हर एक गली देखि !
बाग में खिली हर कलि देखि !!
जो कहते थे तुम्हे भूल न पायेंगे !
मैंने उनके दरवाजे पर अपनी तस्वीर जली देखि !!
ख्वाब की हर एक गली देखि !
बाग में खिली हर कलि देखि !!
जो कहते थे तुम्हे भूल न पायेंगे !
मैंने उनके दरवाजे पर अपनी तस्वीर जली देखि !!
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